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Ravidas Jayanti 2023: काशी में संत रविदास की जन्मस्थली पर भक्ति भाव के रंग चटख, सेवादारों के आने का क्रम जारी

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गुरु चरणों की रज पाने के लिए सेवादारों के आने का सिलसिला अनवरत जारी है। श्रमसाधक संत रविदास की जन्मस्थली पर भक्ति भाव के रंग अब चटख होने लगे हैं। कहीं अमृतवाणी का पाठ हो रहा है तो कहीं गुरु के मंदिर में सेवा का सिलसिला जारी है। संत रविदास मंदिर से लेकर पंडाल व लंगर हॉल तक सेवादार और संगत के सेवाभाव का नजारा श्रमसाधना को साकार कर रहा है। संत गुरु रविदास की जयंती में शामिल होने के लिए पंजाब हरियाणा के विभिन्न शहरों से सेवादारों व संगत के आने का सिलसिला बुधवार को भी बना रहा है।

मेला क्षेत्र में भीड़भाड़ बढ़ गई, दुकानें खुल गईं और रविदास मंदिर से लेकर लंगर हॉल तक अटूट कतार दिखने लगी है। लंगर शुरू होने के बाद लंगर चखने के लिए लोगों की भीड़ होने लगी है।  मंदिर ट्रस्ट की तरफ से भीड़भाड़ को देखते हुए सुरक्षा की दृष्टि से मंदिर परिसर में 24 और पंडालों के मुख्य मार्गों और उसके चारों तरफ सीसीटीवी कैमरे लगवाए जा रहे हैं। सीसीटीवी कैमरे का कंट्रोल रूम रविदास मंदिर और पंडाल क्षेत्र में पुलिस कंट्रोल रूम में होगा। 

रविदास जयंती में शामिल होने के लिए संत निरंजन दास अनुयायियों के साथ स्पेशल ट्रेन से गुरुवार को जालंधर से रवाना होंगे। शुक्रवार दोपहर को स्पेशल ट्रेन कैंट स्टेशन पर पहुंचेगी। चार फरवरी को संत निरंजन दास पंडाल क्षेत्र मेला क्षेत्र सत्संग हॉल का भ्रमण कर संगत को आशीर्वाद प्रदान करेंगे। 

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चार फरवरी की शाम को रविदास पार्क में दीप प्रज्ज्वलन व सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। पांच फरवरी की सुबह संत निरंजन दास रविदासिया धर्म की पताका फहराकर जयंती का शुभारंभ करेंगे।

कोतवाली थाना परिसर में बुधवार को रविदास जयंती के मद्देनजर पुलिस अफसरों और आयोजकों की बैठक हुई। डीसीपी काशी जोन आरएस गौतम ने आयोजकों से कहा कि रविदास जयंती के दिन झांकियां सिर्फ संत शिरोमणि से संबंधित ही निकाली जाएं। किसी प्रकार की राजनीतिक झांकियां न निकाली जाएं। जुलूस या शोभायात्रा के दौरान अश्लील गाने कतई न बजें। सिर्फ भजन ही सुनाई देना चाहिए। इसके साथ ही जुलूस या शोभायात्रा में शामिल कोई भी व्यक्ति नशे की हालत में न हो।

डीसीपी काशी जोन ने कहा कि रविदास जयंती के दिन निकलने वाले जुलूस या शोभायात्रा में किसी भी महिला के साथ छेड़खानी या छींटाकशी की घटना न हो। लाउड स्पीकर का प्रयोग तेज ध्वनि में नही करने दिया जाएगा। सभी लोग अफवाहों से बचें। कोई किसी भी तरह की अफवाह फैलाए तो तत्काल संबंधित थानाध्यक्ष या उच्चाधिकारियों को सूचना दें। 

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