बाराबंकी। पुलिस लाइन स्थित वर्कशाप में तैनात सहायक उपनिरीक्षक की अचानक तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। वर्कशाप से उन्हे जिला अस्पताल ले जाया गया जहां उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। परिजनों में रोना पिटना मच गया, वहीं सोमवार को पुलिस अधिकारियों ने पार्थिव शरीर को कंधा दिया।
लखनऊ में तकरोही बाजार के रहने वाले सहायक उपनिरीक्षक रामनरेश रावत 48 पुत्र स्व श्रीराम बाराबंकी पुलिस लाइन स्थित वर्कशाप में बतौर प्रधान परिचालक यान्त्रिक तैनात थे। रविवार की रात करीब आठ बजे वह वर्कशाप में ही थे कि उनकी तबीयत अचानक बिगड़ने लगी।
सहयोगी उन्हे आनन फानन में जिला अस्पताल लेकर गए। जहां उपचार के दौरान हृदय गति रुकने से मौत हो गई। यहां से उनका शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। सोमवार को पार्थिव शरीर श्रद्धांजलि अर्पण के लिए पुलिस लाइन स्थित शहीद स्मारक स्थल में रखा गया।
जहां मौजूद मृत एएसआई की पत्नी, दो पुत्री व पुत्र विलाप करते रहे। इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक उत्तरी विकास चंद्र त्रिपाठी, दक्षिणी रितेश सिंह आदि ने उनके पार्थिव शरीर पर पुष्पगुच्छ अर्पित कर स्टाफ समेत श्रद्धांजलि दी, वहीं दोनो अधिकारियों ने कंधा देकर एएसआई को अंतिम यात्रा के लिए रवाना किया।








