मुजफ्फरपुर के शूटर गोविंद शर्मा हत्याकांड में पुलिस और एसटीएफ को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। मामले के मुख्य नामजद आरोपित और हत्याकांड के मास्टरमाइंड बाबुल चौधरी को एक विशेष टीम ने गिरफ्तार कर लिया है। शातिर अपराधी बाबुल चौधरी दरभंगा एयरपोर्ट से विमान के जरिए दिल्ली भागने की फिराक में था, लेकिन इससे पहले ही गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने उसे दबोच लिया। सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने बाबुल चौधरी की गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि की है।
सिटी एसपी मोहिबुल्लाह अंसारी ने प्रेस वार्ता में बताया कि 31 मई की रात शूटर गोविंद शर्मा की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले की तहकीकात के लिए एक विशेष टीम का गठन किया गया था। जांच में यह बात सामने आई है कि यह पूरी वारदात आपसी रंजिश और इलाके में अपना वर्चस्व स्थापित करने को लेकर अंजाम दी गई थी। पुलिस के अनुसार, गोविंद शर्मा और बाबुल चौधरी के बीच मुख्य रूप से तीन संपत्तियों और ठेकेदारी को लेकर पुराना विवाद चल रहा था।
गोविंद शर्मा की हत्या के अगले ही दिन सोशल मीडिया पर एक ऑडियो तेजी से वायरल हुआ था। इस वायरल ऑडियो में बाबुल चौधरी के नाम से हत्या की जिम्मेदारी लेने का दावा किया गया था। पुलिस ने इस ऑडियो को जब्त कर जांच के लिए फोरेंसिक साइंस लैब (FSL) भेज दिया है ताकि इसकी प्रामाणिकता और आवाज की सत्यता का पता लगाया जा सके।
इस हाई-प्रोफाइल मर्डर केस में पुलिस अब तक तीन लोगों को शिकंजे में ले चुकी है। कुमार रंजय उर्फ ओंकार को घटना के ठीक एक दिन बाद ही गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेजा जा चुका है। पुलिस ने एक अन्य आरोपी सौरभ को पूर्वी चंपारण से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने तफ्तीश के दौरान एक खून लगा कपड़ा भी बरामद किया है, जिसे जांच के लिए FSL टीम को सौंप दिया गया है।
गिरफ्तार किए गए आरोपियों का पहले से भी आपराधिक रिकॉर्ड रहा है। सिटी एसपी ने बताया कि मुख्य आरोपी बाबुल चौधरी के खिलाफ नगर थाना में डकैती और आर्म्स एक्ट के तहत मामले दर्ज हैं। वहीं, पूर्वी चंपारण से पकड़े गए सौरभ के खिलाफ भी दो डकैती और आर्म्स एक्ट के मामलों में पहले गिरफ्तारी हो चुकी है। आरोपियों (बाबुल और रंजय) से आमने-सामने पूछताछ करने पर इस हत्याकांड की पूरी साजिश और नए राज उजागर होंगे। हालांकि, इस मामले की प्राथमिकी में नामजद पटना की चर्म रोग विशेषज्ञ डॉक्टर जैस्मिन परवीन अभी भी पुलिस की पकड़ से बाहर हैं। पुलिस की टीमें उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी कर रही हैं।








