Home उत्तर प्रदेश मथुरा में किसानों का प्रदर्शन: बिजली-पानी की मांग को लेकर कलक्ट्रेट का...

मथुरा में किसानों का प्रदर्शन: बिजली-पानी की मांग को लेकर कलक्ट्रेट का घेराव, प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी

0
94

[ad_1]

सार

किसानों ने प्रशासन को तीन दिन का समय दिया है। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर तीन दिनों में मांगें पूरी नहीं हुई तो वह एक्सप्रेसवे पर जाम लगाकर प्रदर्शन करेंगे। 

ख़बर सुनें

मथुरा में बिजली और सिंचाई के पानी की मांग को लेकर किसानों ने मंगलवार को जिलाधिकारी कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन कर प्रशासन को ज्ञापन दिया। किसानों ने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों पर तीन दिन में अमल नहीं किया गया तो वह 22 अप्रैल को यमुना एक्सप्रेसवे जाम कर देंगे। इस दौरान प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की गई।

पिछले दिनों से किसानों को बिजली और सिंचाई के पानी जैसी समस्याओं से दो चार होना पड़ रहा है। इस संबंध में वे लगातार प्रशासनिक अधिकारियों को चेतावनी दे रहे हैं। मंगलवार को ट्रैक्टर-ट्रॉली में भरकर किसान कलक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने डीएम कार्यालय के बाहर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। उन्होंने डीएम नवनीत सिंह चहल की गैर मौजूदगी में एसडीएम श्वेता सिंह को नौ सूत्री मांगों का ज्ञापन दिया।

यमुना एक्सप्रेसवे पर जाम लगाने की दी चेतावनी 

भारतीय किसान यूनियन अंबाबता के जिला अध्यक्ष मथुरा राजकुमार तोमर ने बताया कि यदि प्रशासन ने तीन दिन के अंदर हमारी मांगे नहीं मानी तो वह गढ़सौली के निकट एक्सप्रेसवे पर जाम लगाएंगे। प्रदर्शन के दौरान किसान नेता लेखराज पहलवान, लालसिंह तोमर, अवधेश रावत, उदयवीर सरपंच, अंशू नौहवार, चंद्रपाल सिकरवार, सोनवीर प्रधान,शिवकुमार तोमर, ओमप्रकाश, अजय, मुकेश, थोलू पहलवान मौजूद रहे।

किसानों की ये हैं प्रमुख मांगें 

– बिजली चेकिंग के नाम पर किसानों के उत्पीड़न पर रोक।
– खुले में घूम रहे पशुओं की व्यवस्था हो।
– सिंचाई की खातिर कम से कम 18 घंटे बिजली।
– किसान सम्मान निधि के नाम पर अवैध वसूली पर रोक।
– तालाबों में पानी छोड़ा जाए। 

यह भी पढ़ें -  5 मर्डर मिस्ट्री :  सामूहिक नरसंहार का कौशाम्बी कनेक्शन, प्रेम प्रसंग और भूमि विवाद पर भी नजर

विस्तार

मथुरा में बिजली और सिंचाई के पानी की मांग को लेकर किसानों ने मंगलवार को जिलाधिकारी कार्यालय पर विरोध प्रदर्शन कर प्रशासन को ज्ञापन दिया। किसानों ने चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगों पर तीन दिन में अमल नहीं किया गया तो वह 22 अप्रैल को यमुना एक्सप्रेसवे जाम कर देंगे। इस दौरान प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी भी की गई।

पिछले दिनों से किसानों को बिजली और सिंचाई के पानी जैसी समस्याओं से दो चार होना पड़ रहा है। इस संबंध में वे लगातार प्रशासनिक अधिकारियों को चेतावनी दे रहे हैं। मंगलवार को ट्रैक्टर-ट्रॉली में भरकर किसान कलक्ट्रेट पहुंचे। उन्होंने डीएम कार्यालय के बाहर नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। उन्होंने डीएम नवनीत सिंह चहल की गैर मौजूदगी में एसडीएम श्वेता सिंह को नौ सूत्री मांगों का ज्ञापन दिया।

यमुना एक्सप्रेसवे पर जाम लगाने की दी चेतावनी 

भारतीय किसान यूनियन अंबाबता के जिला अध्यक्ष मथुरा राजकुमार तोमर ने बताया कि यदि प्रशासन ने तीन दिन के अंदर हमारी मांगे नहीं मानी तो वह गढ़सौली के निकट एक्सप्रेसवे पर जाम लगाएंगे। प्रदर्शन के दौरान किसान नेता लेखराज पहलवान, लालसिंह तोमर, अवधेश रावत, उदयवीर सरपंच, अंशू नौहवार, चंद्रपाल सिकरवार, सोनवीर प्रधान,शिवकुमार तोमर, ओमप्रकाश, अजय, मुकेश, थोलू पहलवान मौजूद रहे।

[ad_2]

Source link

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here