लखनऊ : लखनऊ के सआदतगंज थाना क्षेत्र में सोमवार की सुबह उस वक्त सनसनी फैल गई, जब दिनदहाड़े एक ही परिवार के तीन लोगों की अंधाधुंध गोली मारकर निर्मम हत्या कर दी गई। नौबस्ता के ब्राह्मण टोला इलाके में हुई इस खूनी वारदात से पूरे शहर में हड़कंप मच गया। मृतकों में सचिवालय के रिटायर्ड कर्मचारी व राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के पूर्व जिला सर कार्यवाह, उनके भाई और बेटा शामिल हैं। घटना की वजह घर के सामने बने चबूतरे और कार पार्किंग को लेकर पड़ोसी से चल रहा पुराना विवाद बताया जा रहा है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है।
वारदात सोमवार सुबह लगभग 10:35 बजे की है। नौबस्ता के ब्राह्मण टोला निवासी शिवाजी तिवारी (62) सचिवालय से सेवानिवृत्त कर्मचारी थे और पूर्व में संघ के जिला सर कार्यवाह की जिम्मेदारी संभाल चुके थे। उनके छोटे भाई शिवेंद्र तिवारी उर्फ शंभु लखनऊ विश्वविद्यालय में कार्यरत थे। वहीं, शिवाजी के 30 वर्षीय बेटे सुयश तिवारी बिजली के सामान के कारोबारी थे। परिवार में खुशी का माहौल था क्योंकि आगामी 5 दिसंबर को सुयश की शादी तय हुई थी, लेकिन इस खूनी वारदात ने पल भर में परिवार की खुशियां मातम में बदल दीं।
पुलिस व स्थानीय लोगों के अनुसार, शिवाजी तिवारी के घर के सामने बरगद के पेड़ के नीचे एक चबूतरा बना हुआ है। इस चबूतरे के निर्माण और इस्तेमाल को लेकर पड़ोसी ऋषभ शुक्ला (30) से उनका लंबे समय से विवाद चल रहा था।
सोमवार सुबह शिवाजी के बेटे सुयश ने विवादित चबूतरे के पास अपनी कार खड़ी कर दी। थोड़ी देर बाद जब शिवेंद्र तिवारी उर्फ शंभु घर से बाहर निकले, तो ऋषभ शुक्ला कार खड़ी करने को लेकर उनसे उलझ गया और गाली-गलौज करने लगा। शोर-शराबा सुनकर शिवाजी तिवारी भी बीच-बचाव करने के लिए बाहर निकल आए।
विवाद इतना बढ़ा कि आपा खो चुके ऋषभ शुक्ला ने अचानक असलहा निकाल लिया। इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, उसने शिवाजी और शिवेंद्र दोनों पर ताबड़तोड़ गोलियां चला दीं। गोलियों की आवाज सुनकर सुयश जैसे ही अपने पिता और चाचा को बचाने के लिए घर से बाहर भागा, आरोपी ने उसे भी निशाना बनाकर गोली मार दी। तीनों लहूलुहान होकर मौके पर ही गिर पड़े और उनकी जान चली गई। दिनदहाड़े हुई इस वारदात से इलाके में भगदड़ और चीख-पुकार मच गई।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक वारदात को अंजाम देने वाला आरोपी ऋषभ शुक्ला (30) पहले मर्चेंट नेवी में नेविगेशन अफसर था, लेकिन कुछ समय पहले उसे नौकरी से निकाल दिया गया था। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस कमिश्नरेट के आला अधिकारी और भारी पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्यारोपी ऋषभ शुक्ला को गिरफ्तार कर लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है।
एक ही परिवार के तीन लोगों की निर्मम हत्या की खबर फैलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही आला अधिकारी भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। घटना के बाद से क्षेत्र में जबरदस्त तनाव व्याप्त है, जिसे देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। मौके पर 50 से 60 पुलिसकर्मियों को तैनात कर दिया गया है। पुलिस ने शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।








