लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने महिला आरक्षण पर विपक्षी दलों पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण पर विपक्ष की सोच कुत्सित है, किसी का हक नहीं छीना जा रहा है। लखनऊ में आयोजित एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीएम योगी ने विपक्षी दलों पर हमला बोलने के साथ ही केंद्र और राज्य सरकार द्वारा महिलाओं के उत्थान के लिए उठाए गए कदमों के बारे में भी विस्तार से बताया।
सीएम योगी ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जी ने 2014 में जब देश की सत्ता संभाली थी तब एक बात बहुत स्पष्ट किया था कि देश के अंदर चार जातियां है- महिला, गरीब, युवा और किसान । सीएम योगी ने कहा कि भारत को कमजोर करने की नीयत से जिन लोगों ने जातिवाद के नाम पर अपने स्वयं के परिवार के लिए देश को लूटा है, स्वाभाविक रूप से यह उनके लिए चुनौती और चेतावनी भी है। इसलिए पीएम मोदी जी के नेतृत्व में जब भी प्रोग्रेसिव कदम उठा है तो कांग्रेस और उनके सहयोगियों ने प्रोग्रेसिव कदमों का विरोध किया।
संसद का 16,17 और 18 को विशेष अधिवेशन बुलाया गया लेकिन विपक्ष की कुत्सित मानसिकता के चलते महिला आरक्षण बिल पास नहीं हो सका। परिसीमन को लेकर भ्रम फैलाया गया। सीएम योगी ने कहा कि जो इस पाप के भागीदार हैं जनता उनके खिलाफ है। विपक्ष ने देशहित में लिए गए फैसले का विरोध किया। पीएम ने विपक्ष को आश्वासन दिया था कि परिसीमान से किसी भी राज्य की सीट कम नहीं होगी। इस आश्वासन के बाद भी विपक्ष की छोटी सोच सामने आ गई।
इन दलों के पास अपने पाप के परिमार्जन के लिए एक अच्छा अवसर था लेकिन इनलोगों ने उसे खो दिया। ऐसा कहा जाता है कि देख सपाई बिटिया घबराई। स्टेट गेस्ट हाउस कांड के पाप को धोने का अवसर इनके पास था लेकिन दुर्भाग्य है कि ये लोग बैरियर बनकर बैठे हैं। सब कुछ इनके परिवार को मिले, युवाओं बेरोजगारों को उनका हक नहीं मिले, यही सोच लेकर ये लोग बैठे हैं।
हम पीएम मोदी जी के प्रयासों का समर्थन करते हैं। समाज के हरेक तबके के लिए जो उन्होंने कदम उठाए हैं इसके लिए पूरा उत्तर प्रदेश उनके साथ खड़ा है। विपक्षी दलों का कृत्य अक्षम्य है। आधी आबादी इन्हें माफ नहीं करनेवाली है।








