हरियाणा में अंबाला के धूलकोट गांव में 3 मंजिला निर्माणाधीन बिल्डिंग गिरने से बड़ा हादसा हो गया है। मलबे में दबने से दो मजदूरों की मौत हो गई जबकि कई लोग अभी भी मलबे में दबे बताए जा रहे हैं। अंबाला सिटी के SDM दर्शन कुमार ने कहा कि यह बहुत दुखद घटना है और बचाव कार्य तेज़ी से चल रहा है। NDRF, SDRF, स्थानीय एम्बुलेंस सेवाएँ और फ़ायर ब्रिगेड समेत सभी टीमें मौके पर तैनात हैं। अब तक कई लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। चार लोगों को अस्पताल से छुट्टी मिल चुकी है और पांच का इलाज चल रहा है। दो शव बरामद किए गए हैं। बचाव कार्य जारी है। अंदर कितने लोग फंसे हैं। इस बारे में अभी कोई पक्की जानकारी नहीं है।
एसडीएम ने कहा कि अनुमान है कि 15 से 20 लोग मलबे में हो सकते हैं, लेकिन अभी कुछ भी पक्का नहीं है। मरने वालों समेत अब तक कुल 12 लोगों की पहचान हो चुकी है। इमारत के मालिक के बारे में अभी साफ़ जानकारी नहीं है। कॉन्ट्रैक्टर और इमारत का मालिक मौके से फ़रार हो गए हैं। जिम्मेदार लोगों के ख़िलाफ़ उचित कार्रवाई की जाएगी।
‘डायल 112’ हेल्पलाइन के एक अधिकारी के मुताबिक, उन्हें इमारत गिरने की सूचना मिली और वे तुरंत मौके पर पहुंचे। अधिकारी ने बताया कि छह मज़दूर मलबे के नीचे दबे हुए थे। एक मज़दूर को बुलडोज़र की मदद से निकालकर अस्पताल पहुँचाया गया, जबकि बाकी लोगों को बचाने की कोशिशें जारी हैं।
कांग्रेस नेता कुमारी सैलजा ने इस हादसे पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि अंबाला के धूलकोट गांव में निर्माणाधीन इमारत के गिरने से हुआ दर्दनाक हादसा अत्यंत दुखद है। हादसे में श्रमिकों की मृत्यु और कई लोगों के घायल होने का समाचार हृदयविदारक है। मेरी संवेदनाएं मृतकों के परिजनों के साथ हैं। ईश्वर दिवंगत आत्माओं को शांति प्रदान करें और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ दें। प्रशासन से अपील है कि मलबे में फंसे प्रत्येक श्रमिक को सुरक्षित निकालने के लिए राहत एवं बचाव कार्य पूरी तत्परता से चलाया जाए और घायलों के समुचित उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
एक चश्मदीद के मुताबिक, गिरी हुई इमारत की दीवारें सिर्फ़ चार इंच मोटी थीं। इसके अलावा, कंक्रीट स्लैब को सेट होने के लिए पर्याप्त समय नहीं दिया गया था और आज तीसरी मंज़िल का स्लैब डाला जा रहा था, जबकि ढांचा अभी भी गीला था। चश्मदीद के अनुसार, इसी वजह से यह बड़ा हादसा हुआ।
बता दें कि इस साल की शुरुआत में, 16 जून को अंबाला की पुरानी सब्ज़ी मंडी में भी एक जर्जर इमारत ढह गई थी, जिससे अफरा-तफरी मच गई थी और दो लोग फंस गए थे। हालांकि, पुलिस और फायर ब्रिगेड की संयुक्त कोशिशों से दोनों घायल लोगों को मलबे से निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया था।








